हर जलते दीपक तले अँधेरा होता है;
हर रात के पीछे एक सवेरा होता है;
लोग डर जाते हैं मुश्किलों को देख कर;
पर हर मुश्किल के पीछे सफलता का सवेरा होता है।
जय मातारानी मित्रोहे मॅा मुझे इतनी शक्ती दिजिऐ ताकि मुझे जो भी कर्तव्य मिले मै उसका निर्वहन कर सकू आप दया वान है मै भिखारी मेरी की गयी सारी गलतीयो को माफ करना मॉ

Rajepur ka lekhpaal kaun hai
ReplyDelete